खुद के साथ-साथ देश के लिए भी क्यों शुभ होगा यह नवरात्र,यहां जानिए पूरी वजह... - eaglenews24x7

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खुद के साथ-साथ देश के लिए भी क्यों शुभ होगा यह नवरात्र,यहां जानिए पूरी वजह...

खुद के साथ-साथ देश के लिए भी क्यों शुभ होगा यह नवरात्र,यहां जानिए पूरी वजह...

विक्की झा।।इस बार की नवरात्रि जितनी मंगलमय है,उसकी तिथि उतनी ही पावन और आर्थिक मजबूती देने वाली हैं।हालांकि घटस्थापना के लिए सिर्फ दो ही मुहूर्त इस बार शास्त्रों में दिए गए हैं।इस बार नवरात्रि की अंतिम तिथि(रामनवमी)10 अप्रैल को मनाया जाएगी, संजोगवश कई वर्षों बाद पहली बार ऐसा हो रहा है,जहां शास्त्रों में नवरात्रों के तिथियों का गणित बिल्कुल सटीक और एक बराबर है,अर्थात हर दिन पूजा के लिए शुभ और हर रात्रि मंगलमय हैं। 


इस बार नवरात्रि में कई ऐसे शुभ संयोग रहेंगे,जिनकी वजह से किसी भी नए सामान की खरीदारी या आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में काफी सहायता मिलेगी,और रही बात घट स्थापना के लिए सिर्फ दो ही शुभ मुहूर्त रहने की तो ऐसा अशुभ वैधृति योग्य की वजह से हो रहा है।उज्जैन,पुरी,तिरुपति,हरिद्वार और बनारस जैसे कई दिव्य स्थलों के विद्वानों का कहना है कि,इस बार माता की कलश स्थापना अभिजीत मुहूर्त में करना काफी शुभ सिद्ध हो सकता है।


आपकी जानकारी के लिए बता दें,तिथियों में गड़बड़ी ना होने के कारण इस बार माता की पूजा करने के लिए पूरे 9 दिन और 9 रात्र मिलेंगे,नवरात्रि की एक भी तिथि का खंडन ना होने के कारण यह नवरात्र आपके निजी जीवन के साथ-साथ देश के लिए भी शुभ संयोग रख रहा है,रेवती नक्षत्र में नवरात्रि की शुरुआत होना काफी शुभ माना जाता है।रेवती नक्षत्र के स्वामी बुद्ध और देवता पूषा है।इस बार की नवरात्रि में स्वार्थ सिद्धि,पुष्य नक्षत्र,बुधादित्य, शोभन,मदन और रवि योग एक साथ देखने को मिलेंगे,इन सभी का एक साथ मौजूद होना शास्त्रीय भाषा में काफी शुभ और कोई भी नया काम शुरू करने या खरीदारी के लिए काफी अच्छा माना जाता हैं,व्यापारियों के लिए लेनदेन और निवेश के कई सुलभ मार्ग इस नवरात्रि खुलने की आशंका है।


जैसा की आप सभी जानते हैं,इस बार सरल, सत्कीर्ति और वेशि नाम के राजयोगों में नवरात्रि की शुरुआत हो रही है।जिससे इन नौ दिनों में खरीदारी,लेन-देन,निवेश और नए कामों की शुरुआत करना शुभ रहेगा।इन योगों का शुभ फल लंबे समय तक दिखेगा।इस कारण कई लोगों के लिए सफलता और आर्थिक मजबूती देने वाला समय रहेगा।इस नवरात्रि लोगों के कल्याण के लिए योजनाएं बनेंगी और उन पर काम भी होगा,कई लोगों के लिए बड़े बदलाव वाला समय रहेगा।

नवरात्रि में कलश स्थापना की विधि तो हम सभी जानते हैं,पर यह विधि पाठ और कलश स्थापना करना क्यों जरूरी है,क्या कभी सोचा है?? 


1.नवरात्रि में स्थापित किया गया कलश आसपास की नकारात्मक ऊर्जा को खत्म कर देता है।

2.कलश स्थापना से घर में शांति होती है।कलश को सुख और समृद्धि देने वाला माना गया है।

3.घर में रखा कलश वहां का माहौल भक्तिमय बनाता है।इससे पूजा में एकाग्रता बढ़ती है।

4.घर में बीमारियां हों तो नारियल का कलश उसको दूर करने में मदद करता है।

5.कलश को भगवान गणेश का रूप भी माना जाता है, इससे कामकाज में आ रही रुकावटें भी दूर होती हैं।


नवरात्रि के दिन सच्चे मन से और निस्वार्थ भाव से माता के कलश स्थापना के बाद आरती कर जयकारा लगाने से घर के सभी कष्ट और क्लेश दूर हो जाते हैं।