अमखेरा की जर्जर सड़क लोगों के लिए बनी मुसीबत; 18 करोड़ का प्रस्ताव तैयार, राज्य शासन से माँगेंगे राशि - eaglenews24x7

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अमखेरा की जर्जर सड़क लोगों के लिए बनी मुसीबत; 18 करोड़ का प्रस्ताव तैयार, राज्य शासन से माँगेंगे राशि


जबलपुर, अब एेसी जर्जर सड़कें गाँव में भी नजर नहीं आती हैं, शहर में लोगों का चलना हुआ मुश्किल। इस इंतजार में कितना समय लगेगा कोई कहने तैयार नहीं तब तक लोगों को जर्जर सड़क पर ही चलना होगा, हाथ-पैर टूटते हैं तो टूटते रहें।

अमखेरा के जागृति नगर से लेकर खजरी खिरिया बायपास तक की सड़क बेहद जर्जर हो गई है। इस पर चलना मुश्किलों भरा हो गया है और रोजाना गड्ढों में फँसकर कई लोग हाथ-पैर तुड़वा रहे हैं। नगर निगम ने इतना जरूर किया है कि इस सड़क के नए सिरे से निर्माण के लिए 18 करोड़ का इस्टीमेट तैयार करवाया है और उसे शासन के पास भेजा जा रहा है। शासन से राशि माँगी गई है और यदि शासन राशि देने तैयार होता है तो तब सड़क का निर्माण किया जाएगा। अब जबकि राज्य शासन भी कोरोना के कारण आर्थिक मामलों में हाथ खींच रहा है ऐसे में यह उम्मीद करना तो बेमानी ही होगी कि यह सड़क जल्द ही बन जाएगी।

गोहलपुर से खजरी खिरिया बायपास तक की करीब 5.5 किलोमीटर लम्बी सड़क में से लगभग ढाई किलोमीटर की सड़क ऐसी है जो कि खत्म हो चुकी है और अब यदि इसका निर्माण करना है तो बिल्कुल नए सिरे से ही सड़क बनानी होगी। यही कारण है कि नगर निगम इस पर शासन की मदद चाहता है, क्योंकि एक बार में 15 से 18 करोड़ रुपए खर्च करने की स्थिति में नगर निगम भी नहीं है। सड़क के निर्माण के लिए इस्टीमेट तैयार कराया गया और उसे अब शासन के पास भेजा जा रहा है। अभी तक यह प्रस्ताव भेजा नहीं गया है, लेकिन यह दावा जरूर किया जा रहा है कि जल्द ही भेज दिया जाएगा और उसके बाद इंतजार किया जाएगा कि कब शासन से आदेश आए। शासन ने यदि सड़क के लिए राशि देने से इनकार कर दिया तो फिर क्या होगा इस मामले में निगम के अधिकारी भी बोलने से कतरा रहे हैं।

दर्जनों गाँव और कई काॅलोनियों की लाइफ लाइन है
खजरी खिरिया बायपास से लगे दर्जनों गाँवों के रहवासियों और गोहलपुर से लेकर बायपास तक बनीं दर्जनों काॅलोनियों के लिए यह सड़क लाइफ लाइन की तरह है। इसके जर्जर हिस्से के कारण अब लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई साल हो गए यह सड़क इसी तरह परेशान कर रही है।

डम्पर, हाइवा और ट्रैक्टर ने निकाली जान
इस सड़क के जर्जर होने में डम्पर, हाइवा और ट्रैक्टर का योगदान है, बिना रोक-टोक चलने वाले इन भारी वाहनों ने सड़क को चूर-चूर कर दिया । लोगों ने नगर निगम पर यह आरोप भी लगाया कि सड़क की कभी मरम्मत तक नहीं कराई गई, यदि समय-समय पर मरम्मत होती रहती तो सड़क आज इस प्रकार जर्जर न हो पाई होती।

नगर निगम ने करीब 1 करोड़ रुपयों से खजरी से कुदवारी तक सड़क का निर्माण कराया है, लेकिन बाकी के ढाई किलोमीटर की सड़क कब बनेगी लोगों को इसी का इंतजार है।