कोरोना के मद्देनजर अनेक देशों ने भारतीय उड़ानों पर रोक लगाई तो भारत ने भी रोकी उनकी उड़ाने - eagle news

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कोरोना के मद्देनजर अनेक देशों ने भारतीय उड़ानों पर रोक लगाई तो भारत ने भी रोकी उनकी उड़ाने


नई दिल्‍ली । महामारी कोरोना वायरस का प्रकोप अभी थमा नहीं है इसके संक्रमण के प्रसार को रोकने के लिए अधिकांश देशों ने लॉकडाउन लगा दिया था। इसके साथ ही दूसरे देशों से आने वाली फ्लाइट्स पर भी रोक लगा दी थी। अब लॉकडाउन हट गया है। कई अंतरराष्‍ट्रीय उड़ानें भी शुरू हो गई हैं। हालांकि अभी भी अधिकांश देश कोरोना के संभावित खतरे को देखते हुए जोखिम वाले देशों से फ्लाइट अपने देश नहीं आने दे रहे हैं। इस बीच कुछ देशों ने अभी भी भारतीय उड़ानों पर आपत्ति जताई हैं।अमेरिकी सरकार ने मई में भारत की ओर से अपने नागरिकों को लाने के लिए शुरू किए गए वंदे भारत मिशन की उड़ानों पर प्रतिबंध लगा दिया था। अमेरिका का कहना था कि भारत सरकार अमेरिकी एयरलाइंस की ऐसी ही उड़ानों के संचालन पर रोक लगाकर उनके साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार कर रही है। हालांकि बाद में भारत और अमेरिका ने इस मुद्दे को एयर बबल स्थापित कर सुलझा लिया। लॉकडाउन के बाद संयुक्त अरब अमीरात ने भी अमेरिका जैसी ही बात कही कि भारत संयुक्त अरब अमीरात की किसी भी उड़ान की अनुमति नहीं दे रहा है। यूएई के अधिकारियों ने जून में कहा था कि अगर एयर इंडिया की फ्लाइट यूएई के नागरिकों को ले जा रही हैं, तो उन्हें विशेष अनुमति की भी आवश्यकता होगी। इसके बाद यूएई के साथ एयर बबल की व्‍यवस्‍था स्‍थापित की गई। बता दें कि यूएई में ही इंडियन प्रीमियर लीग भी हो रही है।
जर्मनी ने कहा कि वह छह अक्टूबर को भारत के साथ बातचीत करेगा कि दोनों देशों के बीच उड़ान परिचालन कैसे बहाल किया जाए। जर्मनी के परिवहन एवं डिजिटल आधारभूत ढांचा मंत्रालय (बीएमवीआई) ने कहा, 'हमें संकेत मिला है कि भारत को भी दोनों पक्षों के बीच त्वरित एवं संतोषजनक हल में दिलचस्पी है।' एयर इंडिया ने फ्रैंकफर्ट और भारत के बीच 14 अक्टूबर तक सभी 12 उड़ानों को रद्द कर दिया था क्योंकि जर्मनी ने उनके परिचालन की अपनी अनुमति वापस ले ली थी।
दुबई ने भी कोरोना वायरस संक्रमण के खतरे को देखते हुए भारत की एयर इंडिया की फ्लाइट पर प्रतिबंध लगा दिया था। अब दुबई ने चार कोविड टेस्टिंग सेंटर को बंद करने के लिए कहा है। यह भी कहा गया है कि इन्‍हें ब्‍लैकलिस्‍ट किया जाए। इन्‍हीं कोविड सेंटर में उन यात्रियों की जांच होती है, जो फ्लाइट में बैठने जा रहे होते हैं। अगस्त और सितंबर में दो बार हांगकांग भारत के वंदे भारत मिशन के तहत उड़ने वाली फ्लाइट पर बैन लगा चुका है। ऐसा उसने इसलिए किया था क्‍योंकि यात्रियों को कोरोना पॉजिटिव पाया गया था।