धान खरीदी केंद्रों के निर्धारण में किसानों की सुविधा का रखा जाये ध्यान कलेक्टर ने ली उपार्जन व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों की बैठक - eagle news

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धान खरीदी केंद्रों के निर्धारण में किसानों की सुविधा का रखा जाये ध्यान कलेक्टर ने ली उपार्जन व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों की बैठक


जबलपुर, कलेक्टर कर्मवीर शर्मा ने आज उपार्जन व्यवस्था से जुड़े अधिकारियों की बैठक लेकर किसानों से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियाँ अभी से प्रारम्भ करने के निर्देश दिये हैं । श्री शर्मा ने समय रहते धान खरीदी केंद्रों का निर्धारण की प्रक्रिया भी पूरी कर लेने के निर्देश बैठक में मौजूद अधिकारियों को दिये हैं ।

श्री शर्मा ने धान खरीदी केंद्रों के निर्धारण में किसानों की सुविधा का ध्यान रखने की हिदायत भी बैठक में दी । उन्होंने खरीदी केंद्रों का निर्धारण अनुविभाग स्तर पर किये जाने पर जोर देते हुये कहा कि इसमें धान की ज्यादा आवक वाले क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जानी चाहिये । कलेक्टर ने पूर्व के वर्षों में बनाये गये धान खरीदी केंद्रों का युक्तियुक्तिकरण करने के निर्देश भी दिये हैं ।

प्रवेश मार्गों पर बनाये जायें चेक पोस्ट :

कलेक्टर ने बैठक में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के दौरान जिले के प्रवेश मार्गों पर चेक पोस्ट बनाने के निर्देश भी अधिकारियों को दिये, ताकि दूसरे जिलों का धान इस जिले के खरीदी केंद्रों में विक्रय हेतु न लाया जा सके यहॉं के किसानों का हक न मारा जा सके । उन्होंने कहा कि उपार्जन व्यवस्था का व्यापारी या बिचौलिये अनुचित लाभ न उठा पायें इसके लिये इसे फुल प्रूफ बनाना होगा।

पंजीकृत किसानों के सत्यापन में लायें गति :

कलेक्टर श्री शर्मा ने धान के उपार्जन के लिये पंजीयन कराने वाले किसानों के सत्यापन में भी गति लाने की हिदायत अधिकारियों को दी । उन्होंने कहा कि सत्यापन के कार्य में तेजी लाने पटवारी के साथ पंजीयन केंद्र के प्रभारी तथा कृषि विभाग, सहकारिता विभाग एवं खाद्य विभाग के मैदानी स्तर के अधिकारियों को भी तैनात किया जाये । कलेक्टर ने सत्यापन की प्रक्रिया में पारदर्शिता बरतने की हिदायत भी दी तथा सिकमी में पंजीयन कराने वाले किसानों , पाँच हेक्टेयर से ज्यादा रकबे वाले किसानों तथा पिछले वर्ष से अधिक रकबे का पंजीयन कराने वाले किसानों के सत्यापन में सतर्कता बरतने के निर्देश दिये ।

बैठक में बताया गया कि इस वर्ष धान उपार्जन के लिये 15 अक्टूबर से शुरू की गई प्रक्रिया के तहत अभी तक 39 हजार 915 किसानों द्वारा पंजीयन कराया जा चुका है । इनमें पूर्व वर्ष में पंजीकृत 31 हजार 500 से अधिक किसान शामिल हैं । जबकि नया पंजीयन कराने वाले किसानों की संख्या 8 हजार 237 है । धान उपार्जन के लिये पंजीयन कराने वाले कुल किसानों में से 17 हजार 549 किसानों द्वारा ऑनलाइन पंजीयन कराया गया है । शासन द्वारा धान उपार्जन के लिये पंजीयन कराने की समयावधि 15 नवम्बर तक तय की गई है । किसानों की सुविधा के लिये जिले में 77 पंजीयन केंद्र बनाये गये हैं ।